शुक्रवार, 19 मार्च 2010

क्या हैडली को सिर्फ उम्र-कैद की सजा से ही "भारत" को संतुष्टि मिल जायेगी?

मै जानना चाहता हूँ क्या हैडली को सिर्फ उम्र-कैद की सजा से ही "भारत" को संतुष्टि मिल जायेगी?वो क्या है?मै समझता हूँ ये बात सभी जानते है!क्या उसने जो किया है और जो वो कर सकता था यदि पकड़ में नहीं आता तो,वो क्षमा-याचना करने से कम हो जाता है?क्या उसके जुर्म कुबूलने से वो एक अच्छा आदमी हो गया है?जबकि हम सब जानते है के उसने आत्म-समर्पण नहीं किया है बल्कि पकडे जाने पर,एक योजना के तहत ऐसा किया है!

तो इस छोटी सी पोस्ट का ये छोटा सा सवाल आपके समक्ष, मै नहीं समझता के ये भी कहना पड़ेगा उत्तर देना  पड़ेगा!एक बार ये विचार जरुर करना के वो किस-किस की मौत का जिम्मेदार है!केवल कुछ बम धमाको में भारत के एक-एक अमूल्य सपूत का या हर बम धमाको में भारत के आत्मसम्मान का?

जय भारत.....
कुंवर जी,

6 टिप्‍पणियां:

  1. bhaiji ye kaanoon me lachak kahe ya waqt ki maar
    warna aise aadmi ko jiska direct haath hain in sab me dafa 302 ke tahat 302 baar fansi di jaani chahiye thi
    isse jyada mein kya kahoo
    par mere haath me kuch nhi hai

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  2. हैडली के बारे में मीडिया चिल्ला रहा है, रो रहा है, चीत्कार रहा है, अमेरिका को दुत्कार रहा है!!

    इनसे कोई यह क्यों नहीं कहता कि 'कमीनों! अपने खुद के देश में अफज़ल को फांसी पर अब तक नहीं चढ़ा पाये, बाहर कि क्या बात करते हो! अमेरिका छोड़ो अपने देश में ही बैठे है भारत के दुश्मन पहले उनको तो देख लो!"

    भाई साहब, आप तो यह आवाज़ उठाओ

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  3. उसे हिन्दुस्तान बुला कर अच्छा से अफजल और कसाव कि तरह सेवा सत्कार करना चाहिये

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  4. ये हमला ईयाई राज्या अमेरिका और सेकुलर गिरोह की मिलीभगत का परिणाम है ऐसे में ये दोनों अपने लाडले आतंकवादी को मौत के घाट कैसे उतार सकते हैं आगे इनके कहने पर कौन तैयार होगा भारत पर हमला करने को अगर हेडली को फांसी दे दी तो।

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